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Tag: डा. ओमप्रकाश ग्रेवाल

चेतना का रचनाकार तारा पांचाल

रविंन्द्र गासो

               हरियाणा में लिखे जाने वाला साहित्य राष्ट्रीय विमर्शों में कम ही शामिल रहा। इसके कारण, कमियां या उपेक्षा अलग चर्चा का विषय है। इस सब में हरियाणा की रचनाधर्मिता का माकूल जवाब देने में तारा पांचाल का अकेला

वर्तमान दौर में शिक्षा में दिशा के सवाल

रिपोर्ट

7 अक्तूबर 2018 को कुरुक्षेत्र के पंचायत भवन में डॉ.ओम प्रकाश ग्रेवाल अध्ययन संस्थान द्वारा वार्षिक ‘ग्रेवाल स्मृति व्याख्यान’ करवाया गया। मुख्य वक्ता पदम् श्री प्रोफेसर कृष्ण कुमार ,पूर्व निदेशक, एन. सी.ई.आर. टी. ने’ वर्तमान दौर में शिक्षा में

और सफर तय करना था अभी तो, सरबजीत!

ओम प्रकाश करुणेश 

(कथाकर व आलोचक सरबजीत की असामयिक मृत्यु पर लिखा गया संस्मरण)

सरबजीत के साथ पहली मुलाकात ठीक ठाक से तो याद नहीं, पर खुली-आत्मीय भरी मुलाकातें…बाद तक भी कुुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के हिन्दी-विभाग में डॉ. ओमानन्द

डा. ओमप्रकाश ग्रेवाल व रमेश उपाध्याय का पत्र-व्यवहार

ई-16, यूनिवर्सिटी कैम्पस,
कुरुक्षेत्र (हरियाणा)-132119

30 अगस्त 1991

प्रिय भाई रमेश,

            आपका पत्र। बीच में एकाध दिन के लिए बाहर जाना पड़ा। इसीलिए तुरंत जवाब देने की इच्छा के बावजूद इस पत्र को लिखने में कुछ देरी हो गयी। क्षमा