रामधारी खटकड़

नया साल जै ऐसा आज्या , खुल कै खुशी मनाऊँ
रै सब सुख तै जीवैं , मैं ऐसी दुनिया चाहूँ…(टेक)

बेकारी ना हो किते , हर युवा को रुजगार मिलै
बेसहारा कोय ना हो , जिम्मेदार सरकार मिलै